17 जून, नई दिल्ली ( CRICKETNMORE)। जिम्बाब्वे के खिलाफ सीरीज में भारत ने शानदार खेल दिखाया और सबसे खास बात ये रही कि भारत के युवा बल्लेबाजों ने जिस तरह की बल्लेबाजी जिम्बाब्वे के गेंदबाजों के सामने की वो लाजबाव थी। जिम्बाब्वे दौरे पर ओपनर बल्लेबाज के तौर पर गए केएल राहुल ने अपने पहले ही वनडे मैच में शतक जमाकर इतिहास लिख दिया इतना ही नहीं 3 वनडे मैच खेलकर के एल राहुल ने 196 रन जमाए जिसमें 1 शतक और 1 अर्धशतक शामिल था।

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जिम्बाब्वे में बेहतरीन परफॉर्मेस करने के  बाद  क्रिकेट की गलियों में एक बात जोर पकड़ रही है कि विकेटकीपर बल्लेबाज के एल राहुल के रूप में भारतीय क्रिकेट टीम के लिए वनडे में एम एस धोनी का विकल्प तैयार हो गया है। कहा जा रहा है कि यदि धोनी वनडे क्रिकेट से अलग होते हैं तो धोनी के विकल्प की भरपाई केएल राहुल कर सकते हैं।

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हालांकि धोनी कब तक वनडे क्रिकेट खेलते रहेगें इसका पहले से कोई अनुमान नहीं लगाया जा सकता है। वीडियो जब धोनी बने क्रिकेट के उसेन बोल्ट

आपको बता दें कैप्टन कूल धोनी टेस्ट क्रिकेट से खुद को साल 2014 में ही अलग कर चुके हैं जिसके कारण टेस्ट टीम में रिद्धिमान साहा को विकेटकीपर बल्लेबाज के रूप में जगह मिल रही है। लेकिन वनडे क्रिकेट में जिम्बाब्वे दौरे पर केएल राहुल का चयन कर चयनकर्ताओं  ने ये आस जगाई है कि केएल राहुल का रास्ता टेस्ट क्रिकेट खेलने के लिए भी साफ हो सकता है।

टेस्ट क्रिकेट में रिद्धिमान साहा ने अबतक 11 मैच खेलकर 367 रन जमाए हैं और साथ ही विकेटकीपिंग में कैच और स्टंप मिलाकर अबतक 19 शिकार कर चुके हैं। साहा ने एक बार अपने बल्लेबाजी को लेकर एक बार बयान दिया था कि वो पहले विकेटकीपर हैं बाद में बल्लेबाज। टेस्ट क्रिकेट में साहा ने धोनी के विकल्प को निभा रहे है लेकिन वनडे में साहा टीम चयनकर्ताओं के चहेते नहीं हैं।

ऐसे में केएल राहुल ने  जिम्बाब्वे में अच्छी बल्लेबाजी कर यह अटकलें और तेज कर दी है कि यदि धोनी वनडे में नहीं रहे तो के एल राहुल ही धोनी के उत्तराधिकारी के रूप में सामने होगें। लेकिन राहुल के लिए यह सफर बहुत लंबा है क्योंकि बड़ी टीमों के खिलाफ भविष्य में धोनी के रहते राहुल को मौका मिलना मुश्किल है। जिससे राहुल के तकदीर का फैसला अधर में है।

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वेस्टइंडीज के खिलाफ आने वाले टेस्ट सीरीज में रिद्धिमान साहा और केएल राहुल का चयन टीम में किया गया है। आगामी सीरीज में साहा और राहुल के बीच कड़ा कंपिटिशन देखी जा सकती है। खासकर यदि केएल राहुल को वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट सीरीज में खेलने का मौका मिलता है तो राहुल चाहेंगे कि मिले मौका का भरपूर लाभ उठाए तो वहीं दूसरी ओर साहा के लिए भी अपनी जगह टेस्ट टीम में बनाए रखने के लिए अच्छा परफॉर्मेंस करने का दबाव होगा।

वेस्टइंडीज के खिलाफ सीरीज रिद्धिमान साहा और केएल राहुल के लिए किसी अग्नि परिक्षा से कम नहीं है।  अब ये देखना होगा कि वेस्टइंडीज के खिलाफ टेस्ट मैच में कप्तान कोहली किस विकेटकीपर बल्लेबाज के साथ मैदान पर उतरते हैं। के एल राहुल को शायद कप्तान कोहली का समर्थन मिल सकता है क्योंकि आईपीएल में राहुल ने बल्लेबाजी और विकेटकीपिंग बेहतर करी है जिससे कोहली का विश्वास राहुल ने पहले ही जीत लिया है। राहुल ने अपने बल्ले से आईपीएल में 397 रन बनाए हैं तो वहीं साहा का परफॉर्मेंस आईपीएल में औसत रहा है। रिद्धिमान साहा ने आईपीएल 2016 में 12 मैच खेलकर 270 रन जमाए हैं। टेस्ट क्रिकेट में रिद्धिमान साहा का परफॉर्मेंस कोई खास नहीं रहा है पिछले 3 टेस्ट मैचों में साहा ने 83 रन ही बना पाए हैं।

अब यदि केएल राहुल को वेस्टइंडीज के खिलाफ साहा के ऊपर तबोज्जों दी जाती है तो ये कहना उचित होगा कि धोनी के विकल्प के रूप में केएल राहुल मिल चुके हैं। वैसे, वेस्टइंडीज दौरा दोनों के लिए अपनी स्थिती टीम इंडिया में मजबूत करने के लिए महत्वपूर्ण है।

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लेखक के बारे में

Saurabh Sharma
An ardent cricket fan, Saurabh is covering cricket for last 12 years. He has started his professional journey with the Hindi publication, Navbharat Times (Times of India Group). Later on, he moved to TV (Sadhna News). In 2014, he joined Cricketnmore. Currently, he is serving as the editor of cricketnmore.com. His grasp on cricket statistics and ability to find an interesting angle in a news story make him a perfect fit for the online publishing business. He is also acting as a show producer for our ongoing video series - Cricket Tales, Cricket Flashback, & Cricket Trivia Read More
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