नई दिल्ली, 2 नवंबर | भारतीय टी-20 एवं वनडे क्रिकेट टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने सोमवार को कहा कि इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) से न सिर्फ उन्हें बल्कि कई अंतर्राष्ट्रीय खिलाड़ियों को काफी लाभ मिला और आईपीएल का सबसे बड़ा योगदान यह है कि इसने क्रिकेट से 'छींटाकशी' को खत्म कर दिया।

धोनी के अनुसार, आईपीएल विभिन्न देशों के खिलाड़ियों को साथ मिलकर खेलने का बेहतरीन अवसर प्रदान करता है। धोनी ने खेल के दौरान होने वाली छींटाकशी पर कहा कि आईपीएल के कारण छींटाकशी अब 'दोस्ताना मजाक' तक सिमट गया है। धोनी ने कहा, "हम एक सम्मानजनक खेल खेलते हैं। हम जीतना चाहते हैं, लेकिन हमें यह ठीक तरीके से करना होता है। आईपीएल ने क्रिकेट के इस खराब पहलू 'छींटाकशी' को खत्म कर दिया है। दोस्ताना मजाक अच्छी बात है, और आईपीएल ने ऐसा ही किया है।"

धोनी ने राष्ट्रीय राजधानी में मैकडोवेल नंबर-1 के कार्यक्रम 'यारी' के दौरान कहा, "आईपीएल से हमें दूसरे देशों के खिलाड़ियों के बीच की संस्कृति को जानने का मौका मिला। खिलाड़ियों को मैदान के बाहर समझना बेहद जरूरी होता है, क्योंकि मैदान पर रहते हुए तो वे काफी आक्रामक और प्रतिस्पर्धी मुद्रा में होते हैं, लेकिन मैदान के बाहर ही आप जान पाते हैं कि वह आखिर किस तरह का इंसान है।"

धोनी ने कहा, "आईपीएल से मुझे अंतर्राष्ट्रीय खिलाड़ियों के बारे में जानने और उनके साथ कैसा व्यवहार करें यह समझने में मदद मिली। इससे मुझे उनकी मानसिकता को समझने में भी सहायता मिली। जब आप उन खिलाड़ियों के साथ ड्रेसिंग रूम में साथ होते हैं तो आप सभी खिलाड़ियों की जरूरत को समझ पाते हैं।"

(आईएएनएस)

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Saurabh Sharma
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