X close
X close

भारतीय युवा मुक्केबाजों ने वोज्वोडिना टूर्नामेंट में 19 पदक जीते

सर्बिया में सोमवार को वोज्वोडिना यूथ बॉक्सिंग टूर्नामेंट के 40वें गोल्डन ग्लव में 19 पदकों के साथ सफल अभियान का समापन करने के लिए भारतीय मुक्केबाजों ने अंतिम दिन 10 स्वर्ण पदक अपने नाम किए।

IANS News
By IANS News September 21, 2022 • 14:12 PM
Indian youth boxers
Image Source: Google

सर्बिया में सोमवार को वोज्वोडिना यूथ बॉक्सिंग टूर्नामेंट के 40वें गोल्डन ग्लव में 19 पदकों के साथ सफल अभियान का समापन करने के लिए भारतीय मुक्केबाजों ने अंतिम दिन 10 स्वर्ण पदक अपने नाम किए। भावना शर्मा (48 किग्रा), देविका घोरपड़े (52 किग्रा), कुंजारानी देवी (60 किग्रा), रवीना (63 किग्रा) और कीर्ति (प्लस 81 किग्रा) पोडियम में शीर्ष पर रहीं, क्योंकि सभी 12 प्रतिभागी मुक्केबाजों ने महिलाओं श्रेणी में पदक के साथ वापसी की।

कुंजारानी, रवीना और कीर्ति ने विरोधियों को पछाड़ दिया, जबकि भावना और देविका ने फाइनल में 4-1 से जीत हासिल की।

मुस्कान (75 किग्रा) और प्रांजल यादव (81 किग्रा) ने फाइनल में हारकर रजत पदक हासिल किया। कशिश (50 किग्रा), नीरू (54 किग्रा), आर्या (57 किग्रा), प्रियंका (66 किग्रा) और लशु (70 किग्रा) महिला वर्ग में अन्य पांच भारतीय पदक विजेता थीं, जिन्होंने कांस्य पदक के साथ समाप्त किया।

देश के पुरुष मुक्केबाजों ने भी शानदार प्रदर्शन किया, क्योंकि फाइनल में सभी पांच मुक्केबाज विजयी हुए। विश्वनाथ (48 किग्रा), आशीष (54 किग्रा) और साहिल (71 किग्रा) ने फाइनल में अपने-अपने विरोधियों पर 5-0 से जीत दर्ज की।

वहीं जदुमणि (51 किग्रा) और भारत जून (92 किग्रा) ने 4-1 के अंतर से जीत दर्ज कर स्वर्ण पदक अपने नाम किया। निखिल (57 किग्रा) और दीपक (75 किग्रा) ने कांस्य पदक पर मुहर लगाई।

जदुमणि को टूर्नामेंट का सर्वश्रेष्ठ मुक्केबाज चुना गया, जबकि रवीना ने युवा महिला वर्ग में 'सर्वश्रेष्ठ मुक्केबाज' का पुरस्कार जीता।

टूर्नामेंट में कजाकिस्तान, थाईलैंड और यूक्रेन के शीर्ष मुक्केबाजों ने भी भाग लिया था।