X close
X close

IPL 2020: मुंबई इंडियंस ने तोड़ा दिल्ली कैपिटल्स का खिताबी ख्वाब, पांचवीं बार बनी आईपीएल चैंपियन

By Saurabh Sharma
Nov 11, 2020 • 00:22 AM

मुंबई इंडियंस ने मंगलवार को इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 13वें सीजन का खिताब जीत दिल्ली कैपिटल्स के खिताबी ख्बाव को मुकम्मल नहीं होने दिया। दिल्ली पहली बार आईपीएल खेल रही थी और पूरी कोशिश में थी की वह पहली बार में ही अपना खिताबी सूखा खत्म करे, लेकिन मौजूदा विजेता के तौर पर उतरी मुंबई के सामने यह आसान नहीं था। मुंबई ने दुबई इंटरनेशनल स्टेडियम में खेले गए 13वें सीजन के फाइनल में दिल्ली को पांच विकेट से हरा पांचवीं बार आईपीएल की चमचमाती ट्रॉफी अपने नाम की।

मुंबई की इस शानदार जीत में गेंद से ट्रेंट बोल्ट चमके, जिन्होंने दिल्ली को शुरुआती झटके दिए और बल्ले से चमके कप्तान रोहित शर्मा जिनकी 51 गेंदों पर 68 रनों की पारी के बलबूते मुंबई ने दिल्ली द्वारा रखे गए 157 रनों के लक्ष्य को 18.4 ओवरों में पार कर लिया। रोहित ने अपनी मैच विनिंग इनिंग में पांच चौक, चार छक्के लगाए।

Also Read: अजहर अली से छिनी पाकिस्तान टेस्ट टीम की कप्तानी,बाबर आजम को मिली जिम्मेदारी

दिल्ली ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी चुनी। कप्तान श्रेयस अय्यर (नाबाद 65 रन, 50 गेंद, 6 चौके, 2 छक्के) और ऋषभ पंत (56 रन, 38 गेंद, 4 चौके, 2 छक्के) के बीच हुई 96 रनों की साझेदारी के कारण दिल्ली ने संघर्ष करते हुए 20 ओवरों में सात विकेट खोकर 156 रन बनाए। अहम मैच में दिल्ली के गेंदबाज मुंबई के मजबूत बल्लेबाजी क्रम को संभाल नहीं पाए और दिल्ली अपना पहला आईपीएल नहीं जीत पाई।

रोहित के साथ ओपनिंग करने आए क्विंटन डी कॉक (20) ने आक्रामक शुरुआत दी। चार ओवरों में मुंबई ने 45 रन जोड़ लिए। अगले ओवर की पहली ही गेंद पर मार्कस स्टोयनिस ने डी कॉक को आउट कर दिल्ली को पहली सफलता दिलाई।

रोहित पर असर नहीं पड़ा। वह अपने अंदाज में खेलते रहे। सूर्यकुमार यादव ने भी उनके अंदाज में बल्लेबाजी की। 10 ओवरों में मुंबई का स्कोर एक विकेट पर 88 रन था।

अगले ओवर में रोहित और सूर्यकुमार के बीच में रन लेने को लेकर कन्फ्यूजन हुई जिसमें सूर्यकुमार को अपने विकेट का बलिदान देना पड़ा। उन्होंने 19 रन बनाए।

सूर्यकुमार के बाद रोहित ने अपना अर्धशतक पूरा किया और टीम को जीत के करीब लेते गए। ईशान किशन भी उन्हीं के अंदाज में आक्रामक बल्लेबाजी करने लगे थे। मुंबई को जीत के लिए 20 रन चाहिए थे। यहीं रोहित पवेलियन लौट लिए। एनरिक नॉर्खिया की गेंद पर सब्स्टीट्यूट फील्डर ललित यादव ने उनका बेहतरीन कैच पकड़ा।

केरन पोलार्ड ने आते ही दो चौकों की मदद से नौ रन बनाए। वह 147 के कुल योग पर कगिसो रबादा की गेंद पर बोल्ड हो गए। मुंबई को 17 गेंदों पर 10 रन चाहिए थे। हार्दिक पांड्या (3) जीत से एक रन पहले आउट हो गए। ईशान किशन ने नाबाद 33 रन बनाते हुए टीम को जीत दिलाई।

इससे पहले, अय्यर और पंत ने दिल्ली को शुरुआती झटकों से उबारा। आखिरी ओवरों में हालांकि दिल्ली उस तेजी से रन नहीं बना सकी जिस गति से उसे बनाने थे।

पंत और अय्यर ने 96 रनों की साझेदारी निभाई। मध्य के ओवरों में नाथन कुल्टर नाइल ने पंत को आउट कर इस साझेदारी को तोड़ा और फिर अय्यर अकेले रह गए।

पंत और अय्यर ने साझेदारी उस समय निभाई जब टीम को इसकी सबसे ज्यादा जरूरत थी।

हैदराबाद के खिलाफ दिल्ली ने स्टोयनिस को सलामी बल्लेबाज के तौर पर आजमाया था। उनका यह प्रयोग सफल रहा था, लेकिन मुंबई के खिलाफ स्टोयनिस नहीं चल सके। उनके हिस्से गोल्डन डक आया। बोल्ट ने उनका मैच की पहली ही गेंद पर विकेट लिया।

बोल्ट ने ही अजिंक्य रहाणे (2) को आउट किया। इन-फॉर्म बल्लेबाज शिखर धवन को जयंत यादव ने बोल्ड किया। यहां दिल्ली का स्कोर 22/3 हो गया था।

फिर वो हुआ जिसकी उम्मीद दिल्ली को पूरे सीजन में थी। पंत ने अपने बल्ले का कमाल दिखाया वो भी कप्तान के साथ मिलकर। 13 ओवर में स्कोर 100 रन था।

पंत ने इस सीजन का अपना पहला अर्धशतक पूरा किया। उन्हें नाइल ने 118 रनों के कुल योग पर पांड्या के हाथों कैच कराया।

पंत के आउट होने के बाद शिमरन हेटमायेर (5) और अक्षर पटेल (9) जल्दी पवेलियन लौट लिए।

अय्यर नाबाद तो रहे लेकिन टीम को मजबूत स्कोर नहीं दे पाए।