बांग्लादेश क्रिकेट टीम ने सिलहट इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए दूसरे औऱ आखिरी टेस्ट मैच में पाकिस्तान को 78 रन से हराकर सीरीज 2-0 से अपने नाम कर ली। 437 रन के विशाल लक्ष्य का पीछा करने उतरी पाकिस्तान की टीम दूसरी पारी में 358 रन पर ऑलआउट हो गई। पाकिस्तान पांचवें और आखिरी दिन 7 विकेट के नुकसान पर 316 रन से आगे खेलने उतरी थी, लेकिन आखिरी तीन विकेट 42 रन के अंदर गिर गए।
इस सीरीज में शर्मनाक हार के बाद पाकिस्तान के टेस्ट कप्तान को लेकर सवाल उठने लाज़मी थे और ऐसा हुआ भी। जैसे ही मैच खत्म होने के बाद पाकिस्तानी कप्तान शान मसूद प्रेस कॉन्फ्रेंस में पहुंचे, उनसे पत्रकारों ने कई तीखे सवाल पूछे और उनमें से ही एक सवाल ये था कि क्या कप्तान के तौर पर ये आपका आखिरी मैच है?"
शान मसूद की कप्तानी में, रेड-बॉल फ़ॉर्मेट में पाकिस्तान की मुश्किलें लगातार बढ़ती जा रही हैं। पाकिस्तानी टीम इस समय वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप की तालिका में आठवें स्थान पर खिसक गया है और इस बार भी उनका फाइनल के आसपास जाना मुश्किल नजर आ रहा है। ऐसे में एक कप्तान के रूप में शान मसूद पर सवाल उठना लाज़मी हैं और जब पत्रकार ऐसे सवाल पूछें तो किसी का भी पारा बढ़ सकता है लेकिन शान मसूद के साथ ऐसा हुआ नहीं।
भड़कने या बात टालने के बजाय, मसूद ने रिपोर्टर के सीधे सवाल का जवाब बड़ी ही शालीनता से दिया। उन्होंने कहा, "मैं अभी सिर्फ़ इस सीरीज़ के बारे में बात करूंगा। मैच हारना कभी भी अच्छा अनुभव नहीं होता। लेकिन, इस सीरीज़ में, मुझे लगा कि दोनों ही मैचों में, हमारे पास मैच में अच्छा प्रदर्शन करने के काफ़ी मौके थे। मुझे लगता है कि हमें खुद का आकलन करना होगा, चाहे वो बल्लेबाज़ी हो, गेंदबाज़ी हो या फ़ील्डिंग, और ये देखना होगा कि हमने मैच कहां गंवाया।"
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मसूद ने आगे कहा, "हमने ऐसी पिचों पर खेला जहां बल्लेबाजों के लिए रन बनाने के मौके थे, स्पिनरों के लिए टर्न था और सीमर्स के लिए गति और उछाल थी। हमारे पास क्रिकेट के लिहाज़ से दो बेहतरीन विकेट थे, जिन पर दो अच्छे मैच खेले गए। मैं इस बात को लेकर हमेशा मुखर रहा हूं कि हमें और ज़्यादा टेस्ट क्रिकेट खेलने की ज़रूरत है। चाहे वो बांग्लादेश के ख़िलाफ़ हो या किसी अन्य टीम के ख़िलाफ़, हम और ज़्यादा टेस्ट मैच खेलना चाहेंगे। हम ऐसी टेस्ट सीरीज़ खेलना चाहेंगे जिसमें मैचों की संख्या ज़्यादा हो, न कि सिर्फ़ दो मैच। क्योंकि कभी-कभी, जब आप किसी नई जगह पर जाते हैं, तो वहां की परिस्थितियों को समझने में आपको एक मैच का समय लग जाता है। ये बहुत अच्छा होगा अगर हम ऐसी टेस्ट सीरीज़ खेलें जिसमें हम लगातार 3-4 मैच खेलें।"य..