Asian Para Games: सॉफ्टवेयर इंजीनियर के रूप में करियर शुरू करने वाली प्राची पांडे ने खेल के मैदान में इतिहास रच दिया है। उन्होंने जापान के आइची-नागोया में आयोजित एशियन पैरा गेम्स 2026 में महिला एकल क्लास-6 स्पर्धा में कांस्य पदक जीतकर भारत को इस स्पर्धा में पहला पदक दिलाया। पहली बार इन महाद्वीपीय खेलों में हिस्सा ले रहीं प्राची खेलो इंडिया की खिलाड़ी हैं और भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) के गांधीनगर स्थित राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र (एनसीओई) में प्रशिक्षण लेती हैं।
33 वर्षीय प्राची विश्व रैंकिंग में 17वें स्थान पर हैं। उनका यह प्रदर्शन भारतीय पैरा टेबल टेनिस के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। तकनीकी क्षेत्र में करियर छोड़कर पैरा खेलों को पूर्णकालिक रूप से अपनाने वाली प्राची की यात्रा दृढ़ संकल्प, संघर्ष और निरंतर मेहनत की प्रेरक कहानी है।
प्रतियोगिता में प्राची ने सेमीफाइनल तक का सफर तय किया, जहां उनका मुकाबला इराक की विश्व रैंकिंग में पांचवें स्थान पर काबिज नजला अल-दय्येनी से हुआ। नजला मौजूदा पैरालंपिक और एशियन पैरा गेम्स चैंपियन हैं। मजबूत अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ियों के बीच प्राची का पदक जीतना वैश्विक स्तर पर उनकी बढ़ती पहचान को दर्शाता है।