Leslie hylton
लेस्ली हिल्टन: फांसी पाए एकमात्र टेस्ट क्रिकेटर की दर्दनाक कहानी
यह एक सच्ची घटना है — एक ऐसा किस्सा जिसमें हत्या हुई थी, और उस अपराध के लिए एक क्रिकेटर को फांसी की सज़ा मिली। वह इतिहास का एकमात्र टेस्ट क्रिकेटर था जिसकी मौत फांसी पर हुई। यह कहानी जितनी चौंकाने वाली है, उतनी ही दिल को छू लेने वाली भी — क्योंकि इसके ज़रिए यह महसूस होता है कि वह किस कदर अभाग्यशाली थे।
ये थे वेस्टइंडीज के तेज गेंदबाज लेस्ली हिल्टन (Leslie Hylton) जो 1934-35 एवं 1939 की दो सीरीज में वेस्टइंडीज के लिए कुल 6 टेस्ट खेले (रिकॉर्ड : 26.12 औसत से 16 विकेट)। उन पर अपनी ही पत्नी के मर्डर का आरोप लगा, कोर्ट में बच नहीं पाए और उन्हें फांसी की सजा सुनाई। 1955 में किंग्स्टन में उन्हें फांसी दी गई और मर्डर के लिए फांसी की सजा पाने वाले अकेले क्रिकेटर हैं। ये किस्सा यूं तो यहीं खत्म हो जाता है पर जब इसके अंदर झांकें तो पता चलता है कि किस्मत ने उनके नाम क्या लिखा था?
Related Cricket News on Leslie hylton
-
क्रिकेट इतिहास का एकमात्र खिलाड़ी जिसे हुई फांसी की सजा, कारण चौंकाने वाला
क्रिकेट के मैदान पर हमने क्रिकेटरों और उनकी जिंदगी से जुड़ी कई कहानियां सुनी है। कई कहानियां प्रेरणादायक रही है तो कई सीख देकर गई है। लेकिन आज जिस खिलाड़ी के बारे में हम बात ...
Cricket Special Today
सबसे ज्यादा पढ़ी गई खबरें
-
- 3 days ago