सर डोनाल्ड ब्रैडमैन क्रिकेट के खेल के एक ऐसे सितारे हैं जो हमेशा याद किए जाएंगे। उनकी मृत्यु के 17 साल बाद भी बल्लेबाजी के ऐसे कई रिकॉर्ड उनके नाम अभी भी कायम है जिनके आसपास कोई खिलाड़ी नहीं है। आइए इस महान बल्लेबाज के 10वें जन्मदिवस के मौके पर जानते हैं उनसे जुड़ी कुछ खास बातें।

Advertisement

जन्मस्थल एवं पूरा नाम

Advertisement

डॉन ब्रैडमैन का जन्म 27 अगस्त साल 1908 को ऑस्ट्रलिएके न्यू साउथ वेल्स के कोटामुंद्रा शहर में हुआ था। उनका पूरा नाम डोनाल्ड जॉर्ज ब्रैडमैन है।

चाहने वाले इस नाम से बुलाते थे

डोनाल्ड ब्रैडमैन के चाहने वाले उन्हें "दी बॉय फ्रॉम बौराल", "ब्रैडल्स", "दी व्हाइट हेडली" के नाम से जानते थे तो वहीं क्रिकेट जगत के लोगों ने उन्हें "डॉन" का खिताब दिया है।

 

काश चार रन और बना लेते -

Advertisement

डॉन ब्रैडमैन अगर इंग्लैंड के खिलाफ अपने आखिरी टेस्ट मैच में मात्र 4 रन और बना लेते तो टेस्ट में उनका बल्लेबाजी औसत 100 हो जाता। इंग्लैंड के गेंदबाज एरिक होलिएस ने ब्रैडमैन को उनके करियर के आखिरी मैच में जीरो (0) पर बोल्ड कर दिया था। बावजूद इसके टेस्ट मैचों में उनका बल्लेबाजी औसत 99.94 है और अभी तक यह रिकॉर्ड कायम है।

"नेल्सन मंडेला" ने कहीं थी ये बात-

डॉन ब्रैडमैन सिर्फ अपने देश ऑस्ट्रेलिया में नहीं बल्कि पूरी दुनिया में प्रसिद्ध थे। सब उनकी बल्लेबाजी के मुरीद थे और उनकी वाह वाही करते थे। साउथ अफ्रीका के सबसे बड़े क्रांतिकारी और वहाँ के पूर्व राष्ट्रपति नेल्सन मंडेला जब साउथ अफ्रीका की आजादी के लिए जेल गए और 27 सालों बाद जेल से छूट के निकले तो उन्होंने पहला सवाल यही किया कि " डॉन ब्रैडमैन अभी भी जिंदा है ना?"

Advertisement

कुछ नायाब रिकार्ड्स- ब्रैडमैन के नाम बल्लेबाजी के कई रिकॉर्ड जुड़े हैं। आइये उनमें से कुछ खास रिकार्ड्स पर नजर डालते हैं।

 

# साउथ अफ्रीका के खिलाफ उन्होंने अपने करियर में एकमात्र सीरीज खेली जिसमें उन्होंने 201.50 के रिकॉर्ड औसत से कुल 806 रन बनाए।

# फर्स्ट क्लास मैच में उन्होंने 95.15 की औसत से कुल 28,067 रन बनाये हैं जिसमें उनका उच्चतम स्कोर 452 रनों का हैं।

Advertisement

# डॉन ब्रैडमैन के नाम टेस्ट मैचों में सबसे ज्यादा दोहरा शतक लगाने का रिकॉर्ड हैं। उन्होंने 52 मैचों की 80 पारियों में कुल 12 दोहरे शतक जमाए हैं।

तीन ओवरों में ही ठोक दिया शतक

 

तीन ओवरों में ही ठोक दिया शतक

Advertisement

साल 1931 को एक घरेलू मैच के दौरान डॉन ब्रैडमैन ने ब्लैकहीथ इलेवन के तरफ से लिथगोव इलेवन के खिलाफ खेलते हुए मात्र 3 ओवरों में ही शतक जमाने का कारनामा कर दिखाया था। उन्होंने पहले ओवर में 6 6 4 2 4 4 6 1 (33 रन), दूसरे ओवर में 6 4 4 6 6 4 6 4 (40 रन) औऱ तीसरे ओवर में 1 6 6 1 1 4 4 6 ( इन 29 में से 27 रन ब्रैडमैन ने और वेंडल बेल ने 2 बनाए थे) की बदौलत सिर्फ 18 मिनट के अंदर ही अपना शतक पूरा किया था।

बल्लेबाजी के अलावा मैदान पर किया यह काम

सर डॉन ब्रैडमैन ना सिर्फ बल्लेबाजी में माहिर थे बल्कि क्रिकेट की अन्य बारीकियों को भी समझते थे। साल 1933 में उन्होंने न्यू साउथ वेल्स से क्रिकेट अंपायरिंग की परीक्षा पास की और बाद में उन्होंने ऑस्ट्रेलिया में हुए ग्रेड लेवल के मैचों में मैदान अंपायर की भूमिका निभाई।

Advertisement

मौत से की थी जंग

 

मौत से की थी जंग

1934 में ऑस्ट्रेलियाई टीम इंग्लैंड दौरे पर गयी जिसमें डॉन ब्रैडमैन भी टीम का हिस्सा थे। इस दौरे पर तबीयत खराब होने के बावजूद भी उन्होंने हेडिंग्ले में 304 रन और ओवल के मैदान पर 244 रनों की बेमिसाल पारी खेली थी।

Advertisement

सीरीज के बाद ऑस्ट्रेलिया लौटने से पहले चैकअप में पता चला कि उनके पेट में खतरनाक अपेंडिक्स है। इसके बाद इंग्लैंड में ही उनका इलाज हुआ था और इंग्लैंड के किंग का आदेश था कि ब्रैडमैन की सेहत की जानकार उन्हें लगातार मिलती रहे। इसके बाद वह कुछ महीनों तक इंग्लैंड में रूके थे।

लेखक के बारे में

Vishal Bhagat
Vishal Bhagat - A cricket lover, Vishal is covering cricket for the last 5 years and has worked with the Dainik Bhaskar group in the past. He keeps a sharp eye on the record being made in the cricket world and takes no time to present it to the viewers in the form of articles. Read More
ताजा क्रिकेट समाचार