कप्तान जो रूट (8 रन पर 5 विकेट) के करियर की सर्वश्रेष्ठ गेंदबाजी और जैक लीच (54 रन पर 4 विकेट) की घातक गेंदबाजी के दम पर इंग्लैंड ने यहां मोटेरा के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेले जा रहे तीसरे टेस्ट मैच के दूसरे दिन गुरुवार को भारत को उसकी पहली पारी में 145 रनों पर समेट दिया।
इस इस डे-नाइट टेस्ट मैच में इंग्लैंड भी पहली पारी में 112 रन पर ढेर हो गई थी और अब भारत को केवल 33 रनों की ही बढ़त मिल पाई। भारतीय टीम पहले सत्र में 46 रन के अंदर ही अपने सात विकेट गंवा दिए।
भारत ने अपने कल के स्कोर तीन विकेट पर 99 रन से आगे खेलना शुरू किया। रोहित शर्मा ने 57 और अजिंक्य रहाणे ने अपनी पारी को एक रन से आगे बढ़ाया।
दूसरे दिन भारत को चौथा झटका 114 के स्कोर पर रहाणे के रूप में लगा, जो केवल सात रन बनाकर जैक लीच की गेंद पर पगबाधा आउट हुए। लीच ने इसके बाद रोहित को भी पगबाधा आउट करके भारत को एक और झटका दिया। रोहित ने 96 गेंदों पर 11 चौकों की मदद से 66 रन बनाए।
यहां से कप्तान रूट ने किंग मेकर बनकर उभरे और उन्होंने गेंदबाजी का मोर्चा संभालते हुए भारत को पूरी तरह से बैकफुट पर धकेल दिया। रूट ने ऋषभ पंत (1), वाशिंगटन सुंदर (0) और अक्षर पटेल (0) को आउट करके 125 तक भारत के आठ विकेट गिरा दिए।
रूट ने फिर रविचंद्रन अश्विन (17) को भी जैक क्रॉली के हाथों कैच कराकर भारत को नौवां झटका दिया। अश्विन ने 32 गेंदों पर तीन चौके लगाए। भारत का अंतिम विकेट 145 के स्कोर पर जसप्रीत बुमराह (1) के रूप में लगा। अपना 100वां टेस्ट खेल रहे ईशांत शर्मा 20 गेंदों पर एक छक्के की मदद से 10 रन बनाकर नाबाद। भारत के आलआउट होते ही चायकाल की घोषणा कर दी गई।
वहीं, शुभमन गिल ने 11, कप्तान विराट कोहली ने 58 गेंदों पर तीन चौकों की मदद से 27 जबकि चेतेश्वर पुजारा खाता खोले बिना आउट हुए।
इंग्लैंड की ओर से कप्तान रूट ने शानदार गेंदबाजी करते हुए पांच विकेट चटकाए। रूट किसी भी टेस्ट मैच में पांच विकेट लेने वाले 1983 के बाद से इंग्लैंड के पहले कप्तान बन गए हैं। उसने पहले बॉब विलिस ने 1983 में पांच विकेट लिए थे। उनके अलावा जैक लीच ने चार और जोफरा आर्चर ने एक विकेट लिया।