भारतीय क्रिकेट टीम के दोनों पूर्व कप्तान विराट कोहली और रोहित शर्मा के 2027 वनडे वर्ल्ड कप में खेलने को लेकर लगातार चर्चा जारी है। कुछ क्रिकेट एक्सपर्ट्स का मानना है कि दोनों का इस वर्ल्ड कप में खेलना मुश्किल है लेकिन कुछ का मानना है कि अगर वो अपनी फॉर्म और फिटनेस बनाए रखते हैं तो उन्हें खेलने से कोई नहीं रोक सकता है और कुछ ऐसा ही भारत के पूर्व कप्तान एमएस धोनी का भी मानना है।
धोनी ने इस बहस पर अपनी राय देते हुए साफ किया कि उनकी नज़र में उम्र कभी भी सेलेक्शन का आधार नहीं होनी चाहिए। धोनी ने कहा कि अगर कोहली और रोहित फिट हैं और अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं, तो कोई वजह नहीं है कि उन्हें साउथ अफ्रीका में होने वाले टूर्नामेंट के लिए टीम का हिस्सा न बनाया जाए। अपने करियर के आखिर में 2019 वनडे वर्ल्ड कप खेलने के अपने अनुभव से सीखते हुए, धोनी ने कहा कि आखिरी फैसला खिलाड़ियों को खुद लेना चाहिए।
धोनी ने एक इवेंट में कहा, "मेरे लिए, उम्र कोई पैमाना नहीं है। प्रदर्शन और फिटनेस ही पैमाना हैं। मुझे हमेशा लगता है कि किसी को कुछ नहीं बताया जाना चाहिए लेकिन ये साफ होना चाहिए कि सबके साथ एक जैसा व्यवहार किया जाएगा। जब मैंने डेब्यू किया, तो मैं 24 साल का था। किसी ने मुझे कुछ नहीं कहा और अब जब मैं भारत के लिए 10 साल, 20 साल या जो भी खेला हूं, तो किसी को आकर मुझे मेरी उम्र के बारे में बताने की ज़रूरत नहीं है।"
Also Read: LIVE Cricket Score
आगे बोलते हुए माही ने कहा, "वो क्यों नहीं खेल सकते? उम्र कोई पैमाना नहीं है, ये प्रदर्शन और फिटनेस है। अगर वो प्रदर्शन कर रहे हैं और अच्छा करने के लिए समर्पित हैं, तो क्यों नहीं? आपको 20 साल का अनुभवी खिलाड़ी नहीं मिल सकता, जब तक कि वो सचिन न हो। आपको ऐसे खिलाड़ियों की ज़रूरत होती है जिन्होंने 80 या 85 इंटरनेशनल मैच खेले हों ताकि वो अपने दिल को काबू करना, भावनाओं को कंट्रोल करना और दबाव को संभालना समझ सकें। अनुभव और युवाओं के बीच सही संतुलन बहुत ज़रूरी है।"