9 जनवरी, केपटाउन (CRICKETNMORE) साउथ अफ्रीका के खिलाफ पहले टेस्ट मैच में भारत को अफ्रीकी टीम ने 72 रन से हराकर 3 टेस्ट मैचों की सीरीज में 1- 0 की बढ़त ले ली। साउथ अफ्रीकी टीम के तेज गेंदबाजों के सामने भारत के टॉप ऑर्डर बल्लेबाज बुरी तरह से पस्त हो गए और दूसरी पारी में केवल 135 रन पर ढ़ेर हो गई।

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साउथ अफ्रीका के दिग्गज तेज गेंदबाज वर्नेल फिलेंडर ने कमाल किया और दूसरी पारी में 6 विकेट चटकाए। फिलेंडर ने अपनी स्विंग गेंदबाजी से भारत के बड़े से बड़े बल्लेबाजों को परेशान कर दिया। फिलेंडर के शानदार परफॉर्मेंस के लिए उनको मैन ऑफ द मैच का खिताब दिया गया। 

अपनी कप्तानी में बुरी हार झेलने वाले कोहली ने इस हार के लिए सीधे तौर पर बल्लेबाजों को दोषी ठहराया। कोहली ने मैच के  बाद कहा कि पार्टनरशिप ना कर पाना हार का कारण बना। इसके अलावा पहले टेस्ट मैच में भारत को मिली हार के पीछे थे ये तीन अहम कारण, आई जानते हैं।

 

तेज गेंदबाजी का अच्छी तरह से अभ्यास ना कर पाना

भारत की टीम के दिग्गज बल्लेबाज साउथ अफ्रीका पहुंचकर ज्यादातर अपनी वाइफ के साथ घूमते हुए नजर आए। भारत के बल्लेबाज जिस अंदाज में पहले टेस्ट मैच में बिखरे उससे यही प्रतित हुआ कि बल्लेबाजों को भरपूर अभ्यास नहीं मिल पाई थी। खासकर मुरली विजय और शिखर धवन जिस तरह की गेंद पर आउट हुए उससे तो यही प्रति हुआ। 

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अब भारत की टीम को 13 जनवरी को सेंचुरियन में दूसरा टेस्ट मैच खेलना है। ऐसे में भारतीय टीम के सभी बल्लेबाजों को बाउंसर और तेज गति की गेंद को अच्छी तरह से खेलना का अभ्यास कर लेना चाहिए।

 

रहाणे को टीम में शामिल ना करना भारी भूल साबित हुई

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पहले टेस्ट मैच में रहाणे की कमी साफ दिखाई दी। रहाणे के टेस् रिकॉर्ड विदेशी जमीन पर शानदार रहा है। ऐसे में रहाणे को पहले टेस्ट मैच में शामिल ना करना भारत के लिए भारी भूल साबित हुई। भारत के पास पुजारा के अलावा एक ऐसे बल्लेबाज की अभी जरूरत है जिसके पास तेज  गेंदबाजी को अच्छी तरह से खेलने का भरपूर तकनीक मौजूद हो।

ऐसे में रहाणे इस कमी को पूरा करते हैं। रोहित का फ्लॉप होना भी भारत के लिए हार का कारण साबित हुआ है। उम्मीद की जा सकती है कि दूसरे टेस्ट मैच में रहाणे की वापसी होगी।

 
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अश्विन को प्लेइंग इलेवन में शामिल करना

पहले टेस्ट मैच में अश्विन को प्लेइंग इलेवन में खेलने का मौका मिला जो भारत के लिए एक भूल साबित हुई। क्योंकि केपटाउन की पिच पर जिस तरह से तेज गेंदबाजों ने फायदा उठाया वो फायदा अश्विन को नहीं मिल सकी। 

यही कारण था कि पहली पारी में कई दिग्गजों के जल्द आउट होने के बाद भी साउथ अफ्रीकी टीम 286 रन बनानें में सफल रही। यदि इशांत शर्मा भी तेज गेंदबाज के तौर पर टीम में शामिल होते तो शायद मैच का नतीजा कुछ और हो सकता है। दूसरे टेस्ट मैच में भारत की टीम पूरी तरह से 5 तेज गेंदबाजों के साथ उतरने वाला है।

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Vishal Bhagat
Vishal Bhagat - A cricket lover, Vishal is covering cricket for the last 5 years and has worked with the Dainik Bhaskar group in the past. He keeps a sharp eye on the record being made in the cricket world and takes no time to present it to the viewers in the form of articles. Read More
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