युवा मामलों और खेल राज्य मंत्री श्रीमती रक्षा खडसे ने गुरुवार को साइकिलिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (सीएफआई) के महासचिव मनिंदर पाल सिंह और फेडरेशन के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक विस्तृत समीक्षा बैठक की। इस बैठक में जमीनी स्तर पर ज्यादा भागीदारी, एथलीट्स के बेहतर विकास और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रतिस्पर्धा के जरिए भारत के साइकिलिंग इकोसिस्टम को मजबूत करने के रोडमैप पर चर्चा की गई।
चर्चा का मुख्य फोकस साइक्लिस्ट के लिए एक व्यवस्थित रोडमैप तैयार करने पर था, जिसमें जमीनी स्तर पर प्रतिभा की पहचान और सामुदायिक भागीदारी से लेकर हाई-परफॉर्मेंस ट्रेनिंग, स्पोर्ट्स साइंस, बेहतरीन कोचिंग और अंतरराष्ट्रीय अनुभव शामिल हैं। बैठक में यूनियन साइक्लिस्ट इंटरनेशनेल (यूसीआई) के साथ भारत के बढ़ते जुड़ाव और प्रतिस्पर्धी साइकिलिंग के लिए भारत को एक उभरते हुए ग्लोबल हब के तौर पर स्थापित करने की दिशा में हो रही प्रगति की भी समीक्षा की गई।
इस चर्चा का एक अहम विषय पुणे ग्रैंड टूर का आगामी संस्करण था, जो अंतरराष्ट्रीय साइकिलिंग कैलेंडर में भारत की स्थिति को लगातार बेहतर बना रहा है। मंत्री ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त प्रतियोगिताएं न केवल भारतीय साइक्लिस्ट को विश्व-स्तरीय एथलीट्स के खिलाफ खेलने का बहुमूल्य अनुभव देती हैं, बल्कि ग्लोबल स्पोर्ट्स इवेंट्स को सफलतापूर्वक आयोजित करने की भारत की बढ़ती क्षमता को भी दिखाती हैं।