वर्ल्ड कप 2026 का खिताब जीतने के बाद ट्रॉफी को हनुमान मंदिर ले जाने को लेकर पूर्व क्रिकेटर व टीएमसी सांसद कीर्ति आजाद भड़क गए हैं। वहीं, मंदिर पुजारी के पुजारी ईश्वरदास त्यागी ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा कि संसार में दो प्रकार के लोग होते हैं। एक होते हैं आस्तिक और दूसरे होते हैं नास्तिक। जिनका प्रभु में विश्वास नहीं है, वे लोग तो ऐसी बातें करेंगे ही। जो आस्तिक होते हैं, वो प्रभु से प्रेम करते हैं।
मंदिर के पुजारी ने बताया कि फाइनल मुकाबले से पहले जय शाह दर्शन करने आए थे। आश्रम और स्टेडियम का एक ही प्रांगण है। जब भी बड़े मुकाबले होते हैं तो कोई न कोई खिलाड़ी दर्शन करने आते हैं। उन्होंने कहा कि इस बार जब फाइनल मुकाबले से पहले जय शाह और खिलाड़ी दर्शन करने आए। शायद उनके मन में भाव रहा होगा कि अच्छी तरह खेलूं और टीम को जीत दिला सकूं। यही सोच रही होगी इसलिए दर्शन करने आए।
पुजारी ने कहा कि फाइनल मैच जीतने के बाद जय शाह, कोच गौतम गंभीर, कप्तान सूर्यकुमार यादव के साथ कुछ और लोग दर्शन करने आए। सभी लोगों का स्वागत किया गया और टीम इंडिया के वर्ल्ड चैंपियन बनने पर खुशी मनाई गई।