भारत के अशोक मलिक कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में पुरुषों के लाइटवेट पैरा-पावरलिफ्टिंग इवेंट में पोडियम पर जगह बनाने बहुत ही मामूली अंतर से चूक गए। 200 किलोग्राम का शानदार बेस्ट लिफ्ट करने के बावजूद अशोक 143.8 अंक के साथ चौथे स्थान पर रहे।
मलिक पूरी प्रतियोगिता के दौरान पदक की दौड़ में बने रहे लेकिन अंत में मलेशिया के बोनी बनयाउ गुस्टिन से पीछे रह गए। गुस्टिन ने 153.5 अंक के साथ कांस्य पदक जीता। कॉमनवेल्थ गेम्स के डिफेंडिंग चैंपियन और इस कैटेगरी में वर्ल्ड रिकॉर्ड धारक गुस्टिन भारतीय खिलाड़ी को पीछे छोड़ते हुए पोडियम पर जगह बनाने में कामयाब रहे।
इंग्लैंड के मार्क स्वान ने 222 किलोग्राम का टॉप लिफ्ट हासिल करके 153.9 अंक के साथ स्वर्ण पदक जीता। नाइजीरिया के पैरालंपिक पदक विजेता रोलैंड एजुरुइके ने अंक में स्वान की बराबरी की, लेकिन काउंटबैक की वजह से उन्हें दूसरे स्थान पर रहते हुए रजत पदक से संतोष करना पड़ा। उनका बेस्ट लिफ्ट 185 किग्रा रहा। इस इवेंट में ग्लासगो 2026 कॉमनवेल्थ गेम्स का पहला गोल्ड मेडल भी मिला।