इंग्लैंड के पूर्व सलामी बल्लेबाज जेफ्री बॉयकॉट ने तेज गेंदबाज मार्क वुड को लेकर चिंता व्यक्त की, क्योंकि वह पहले एशेज टेस्ट के दौरान हर गेंद पर अपनी पूरी ताकत लगा रहे थे। उन्होंने कहा कि ऐसे में आगे चोट लगने का खतरा बढ़ जाता है।
वुड ने पहले एशेज टेस्ट की पहली पारी में असाधारण गेंदबाजी करते हुए ऑस्ट्रेलिया के बल्लेबाजों को परेशान किया था और उन्होंने 85 रन देकर 3 विकेट भी चटकाए थे। ऐसे में इंग्लैंड के नज़रिए से ये काफी अहम हो जाता है कि वो पूरी सीरीज के दौरान खुद को फिट रखें।
द टेलीग्राफ में रविवार को बॉयकॉट ने लिखा, "वुड और ओली रॉबिन्सन ने शानदार प्रदर्शन किया। वुड लगातार तेज और सटीक गेंदबाजी कर रहे थे, जिससे मुझे सिर्फ यह चिंता थी कि वह पूरी ताकत से गेंदबाजी कर रहे थे और डर था कि कहीं वह चोटिल न हो जाए।"
बॉयकॉट ने आगे कहा, "इतिहास के सभी महान तेज गेंदबाजों ने बहुत तेज गेंदबाजी की है, लेकिन उन्होंने संभलकर गेंदबाजी की हैं। वहीं, वुड अभी सिर्फ 32 साल के हैं और एक तेज गेंदबाज को इस उम्र में ज्यादा चोट लगने का खतरा रहता है। हम सभी उन्हे और अधिक लंबे समय तक खेलते देखना चाहते हैं।"