क्या कभी आपने सोचा है कि क्रिकेट के इतिहास में किसी ऐसे खिलाड़ी को मैन ऑफ द मैच चुना जाएगा जिसने ना तो बल्लेबाजी की हो ना कोई विकेट लिया हो और ना ही गेंदबाजी की हो। ज्यादातर लोगों का जवाब होगा कि ऐसा कैसे संभव है? इस आर्टिकल के माध्यम से हम आपको बताएंगे क्रिकेट से जुड़ा वो किस्सा जिसे बेहद कम लोग जानते हैं। आज हम इतिहास के पन्नों से आपके सामने लेकर आए हैं साल 2001 में खेले गए उस मैच और उस प्लेयर की कहानी जो आपको अचरज में डाल देगा।

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वेस्टइंडीज के खिलाड़ी कैमरून कफी को 23 जून 2001 में जिम्बाब्वे के खिलाफ कोका कोला कप में खेले गए मैच के दौरान अजीब तरीके से मैन ऑफ द मैच चुना गया था। उन्हें बिना बल्लेबाजी, कैच लिए यहां तक ​​कि बिना विकेट लिए ही मैन ऑफ द मैच चुन लिया गया था। 

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किफायती स्पेल के लिए मिला मैन ऑफ द मैच
दरअसल, कैमरून कफी को इस मैच में उनके किफायती स्पेल के लिए मैन ऑफ द मैच का पुरस्कार दिया गया। कफी ने 10 ओवर में 2 मेडन के साथ केवल 20 रन खर्चे थे। मैच में उनकी इकॉनमी 2.00 की थी। उस मैच में कोई भी गेंदबाज अपने 10 ओवर के कोटे में 35 से कम रन नहीं दे सका था।

काली आंधी के नाम से जाना जाता था गेंदबाज
इस मैच को वेस्टइंडीज टीम ने जीता था। पहले बल्लेबाजी करते हुए वेस्टइंडीज ने 5 विकेट के नुकसान पर 266 रन बनाए थे। जवाब में जिम्बाब्वे की टीम 239 रनों पर सिमट गई थी। बता दें कि 6 फीट 8 इंच लंबे इस गेंदबाज को अपने टाइम में काली आंधी के नाम से जाना जाता था।

सचिन तेंदुलकर को किया 3 बार आउट
8 फरवरी 1970 को जन्मे इस गेंदबाज ने भारत के खिलाफ 1994 में डेब्यू किया था। कैमरून कफी ने अपने इंटरनेशनल करियर में कुल 15 टेस्ट और 41 वनडे खेले हैं। गौर करने वाली बात ये है कि उन्होंने महान सचिन तेंदुलकर को 15 टेस्ट मैच में 3 बार आउट किया है।

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Prabhat Sharma
Prabhat Sharma - A cricket Analyst and Cricket fan. Worked with Jansatta (The Indian Express Group), Times Now Hindi Digital Team, Zee Media in the past. One can reach him at +91 - 8765180685 Read More
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