भारतीय हॉकी टीम की पारंपरिक नीली जर्सी की जगह भगवा रंग की जर्सी लाए जाने की खबर के बाद राजनीतिक गलियारों में बहस तेज हो गई है। भारतीय हॉकी टीम के पूर्व कप्तान विरेन रस्किन्हा ने इस बदलाव पर चिंता जताई है। वहीं भारतीय जनता पार्टी के नेताओं ने इसे सामान्य बदलाव बताते हुए इसका समर्थन किया है। दूसरी ओर विपक्षी दलों ने इस फैसले को प्रतीकों और पहचान से जोड़ते हुए सवाल उठाए हैं।
भाजपा सांसद जगन्नाथ सरकार ने कहा कि सरकार को रंग बदलने का फैसला लेने का अधिकार है। क्या हुआ अगर रंग बदल दिया गया? सत्ता में आने के बाद वे जो चाहें, कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह सदन में मौजूद थे और जिस विषय पर जवाब देना था, उसका उत्तर पहले से तय व्यवस्था के तहत केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने दिया।
केसरिया को लेकर उठ रहे विवाद पर उन्होंने कहा, "यह सब छोटी मानसिकता का परिचायक है। अगर भगवा रंग की जर्सी हो गई, तो इसमें क्या दिक्कत है?"