जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल (एलजी) मनोज सिन्हा ने कहा है कि पिछले कुछ समय में केंद्रशासित प्रदेश (यूटी) में हॉकी के क्षेत्र में खिलाड़ियों ने उल्लेखनीय प्रगति की है। वे चाहते हैं कि खिलाड़ी राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाएं और हॉकी के स्वर्णिम इतिहास को वर्तमान बनाने में अपना योगदान दें।
अल्फा हॉकी इंटर स्कूल टूर्नामेंट के समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे मनोज सिन्हा ने कहा, "मैं सभी खिलाड़ियों और कोचों का स्वागत करता हूं। घाटी के कोने-कोने के 32 स्कूलों से आए प्रतिभागी यहां एकत्रित हुए थे। विजेता टीम के साथ अन्य टीमों के खिलाड़ियों को भी मैं शुभकामनाएं देता हूं। सभी टीमें एक बड़े उद्देश्य के लिए यहां एकत्रित हुई थीं। इसके लिए मैं बादल हॉकी क्लब, जम्मू-कश्मीर खेल विभाग, जम्मू-कश्मीर खेल काउंसिल के प्रयासों की सराहना करना चाहता हूं। यह सिर्फ खेल प्रतियोगिता नहीं, बल्कि उससे अधिक थी।"
मनोज सिन्हा ने कहा, "अल्फा हॉकी टूर्नामेंट में जिन खिलाड़ियों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है, उन्हें सदैव याद रखा जाएगा। उनमें से जो प्रतिभाशाली हैं, उनकी आगे की यात्रा का यह पहला कदम है। यह टूर्नामेंट उनके जीवन में एक अहम दिन साबित होगा। भविष्य के लिए खिलाड़ियों के मन में नई संभावनाएं पैदा हो सकें, इसलिए मैं सभी से कहना चाहता हूं कि जिस नौजवान के जीवन में उद्देश्य हो, उसकी ऊर्जा रचनात्मक दिशा में प्रवाहित होती है। हमारे नौजवानों की क्षमता अथाह है। मुझे नौजवानों के हौसलों पर गर्व है और प्रसन्नता है। मैं चाहूंगा कि राष्ट्र निर्माण में हमारे युवाओं का योगदान किसी भी राज्य या केंद्रशासित प्रदेश (यूटी) से कम न रहे। जम्मू-कश्मीर में प्रतिभाओं को अवसर और संसाधन मिले, इसके लिए निरंतर प्रयास किया जा रहा है। वे आगे बढ़कर राष्ट्र निर्माण में योगदान दें।"