एशियन गेम्स में भारत की महिला रिकर्व टीम ने गोल्ड मेडल जीता। इस टीम में कीर्ति शर्मा शामिल थीं, जिनका संबंध हरियाणा से है। रिटौली जैसे आम गाँव से निकलकर एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीतने का कीर्ति का सफर काफी मुश्किलों भरा रहा है। कीर्ति ने साई, हजारीबाग में अपनी तीरंदाजी की प्रतिभा को निखारा है।
कीर्ति ने साई मीडिया को बताया, "बचपन से ही मेरी सेहत खराब थी। मुझे अलग-अलग जगहों से बहुत सारी नकारात्मक टिप्पणियाँ सुनने को मिलती थीं, जिनमें आर्चरी में मेरी काबिलियत पर शक जताया जाता था। इसकी वजह मेरी शारीरिक स्थिति अच्छी न होना था। शुरू में मुझे भारी वजन वाले धनुष उठाने में भी मुश्किल होती थी। लेकिन मैंने ठान लिया था कि मैं अपने आलोचकों को गलत साबित करने के लिए कुछ भी करूँगी।"
19 साल की कीर्ति ने अपने परिवार, खासकर अपने पिता विजय शर्मा को मुश्किल समय में उसके साथ खड़े रहने और उसकी सफलता की नींव रखने का श्रेय दिया।