प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'मन की बात' कार्यक्रम के 138वें एपिसोड में पंजाब में युवा खिलाड़ियों की प्रतिभा को निखारने में निरंतर योगदान देने के लिए पूर्व हॉकी खिलाड़ी राजिंदर सिंह की जमकर तारीफ की। उनसे मिली सराहना पर बात करते हुए राजिंदर ने कहा कि उनके पास प्रधानमंत्री को धन्यवाद देने के लिए शब्द नहीं हैं।
राजिंदर ने 'आईएएनएस' के साथ खास बातचीत करते हुए कहा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने रविवार को 'मन की बात' में जो हॉकी और राउंड ग्लास के बारे में बात की है कि हम ग्रास रूट पर काम कर रहे हैं। मैं उसके लिए उन्हें बहुत धन्यवाद देना चाहता हूं। मेरे पास उन्हें धन्यवाद देने के लिए शब्द नहीं हैं। मैं हॉकी से 40 से 50 साल से जुड़ा हुआ हूं। मैंने बतौर खिलाड़ी ओलंपिक में गोल्ड मेडल लिया। मुझे सरकार ने बहुत सत्कार दिया और मुझे अर्जुन पुरस्कार मिला।"
उन्होंने आगे कहा, "बतौर कोच मेरी उपलब्धियां जैसे पीएम मोदी ने बताया कि मेरी टीम जूनियर विश्व कप और एशिया कप में मेडल लेकर आई, जिसके लिए मुझे द्रोणाचार्य पुरस्कार मिला। हम लोगों ने जो पंजाब में यहां काम शुरू किया है। हमारे सीईओ गुरप्रीत सिंह जी का रोडमैप है कि पंजाब में अभी गांव में जाकर बच्चों को तराशो और उनको अकादमी में रखो और उनकी जितनी हो सके मदद करो। उन बच्चों को देखो कि हॉकी कैसे सिखानी है। हमने पंजाब में 60 सेंटर खोले हुए हैं। इन सेंटरों में हमने कोच भी दिए हुए हैं। उनके एक्सपोजर के लिए हमने 2 एस्टोटर्फ भी लगाई हुई है, जो न्यू चंडीगढ़ में लगी हुई है। सभी टीमें यहां पर आती है, जो इंटर-एक डेवलपमेंट सेंटर या ग्रास रू सेंटर जो टूर्नामेंट होता है उसमें हिस्सा लेती हैं। यहां से हम खिलाड़ियों को तराशते हैं और उन्हें फिर स्टेप दर स्टेप आगे लेकर जाते हैं।"