भारत के खिलाफ एकमात्र टेस्ट में मिली शर्मनाक हार के बाद अफ़गानिस्तान क्रिकेट टीम की काफी आलोचना हो रही है। न्यू चंडीगढ़ के मुल्लांपुर क्रिकेट स्टेडियम में खेले गए इस टेस्ट में अफ़गानिस्तान को तीन दिन के अंदर ही पारी और 300 रनों से हार का सामना करना पड़ा। अफगानिस्तान की इस शर्मनाक हार के बाद, भारत के पूर्व क्रिकेटर मदन लाल ने अफ़गानिस्तान को टेस्ट का दर्जा देने के फ़ैसले पर सवाल उठा दिए।
ICC ने 2017 में अफ़गानिस्तान को टेस्ट का दर्जा दिया था और एक साल बाद उन्होंने भारत के ख़िलाफ़ इस फ़ॉर्मेट में अपना पहला मैच खेला था। वो मैच दो दिन से भी कम समय तक चला था और भारत ने पारी के अंतर से जीत हासिल की थी। ऐसे में एक और टेस्ट में भारत से हार के बाद मदन लाल काफी नाराज दिखे और उन्होंने अफगानिस्तान की कड़ी आलोचना की।
न्यूज़ एजेंसी PTI से बात करते हुए लाल ने कहा, "अफ़गानिस्तान को टेस्ट खेलने की इजाज़त क्यों दी गई है? मुझे अफ़गानिस्तान को टेस्ट का दर्जा देने के पीछे का लॉजिक समझ नहीं आता। मुझे ये भी समझ नहीं आता कि सहयोगी देशों को उनके ODI और T20I रिकॉर्ड के आधार पर टेस्ट का दर्जा क्यों दिया जाता है। देखिए, उन्होंने इस मैच में सिर्फ़ 152 और 112 रन बनाए। आठ साल पहले हुए पिछले मुकाबले में भी वो 109 और 102 रन पर सिमट गए थे। क्या ये टेस्ट क्रिकेट के लिए अच्छा विज्ञापन है?"
Also Read: LIVE Cricket Score
मदन लाल ने आगे कहा, "मुझे लगता है कि उन्हें ODI पर ध्यान देना चाहिए क्योंकि वो एक बहुत अच्छी T20I टीम हैं। टेस्ट खेलना जल्दबाज़ी होगी। पहले उन्हें ये सीखना चाहिए कि 50 ओवर तक कैसे खेला जाए और कैसे टिके रहा जाए। देखिए, पांच दिन का टेस्ट खेलने के लिए बहुत सारे इंफ्रास्ट्रक्चर और सुविधाओं की ज़रूरत होती है। अफ़गानिस्तान में ये बिल्कुल भी नहीं हैं। तो वो क्या करें? खिलाड़ी बुरे नहीं हैं। बात बस इतनी है कि उन्हें पांच दिन तक क्रिकेट खेलने की आदत नहीं है।"