नई दिल्ली, 19 फरवरी (Cricketnmore): भारत की एकदिवसीय और टी-20 टीम के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी ने शुक्रवार को अगले महीने शुरू हो रहे टी-20 विश्व कप के लिए चुनी गई टीम को लेकर खुशी जाहिर की और कहा कि उनकी टीम हर लिहाज से संतुलित है। लाइफस्टाइल ब्रांड-सेवन के ब्रांड एम्बेसेडर चुने गए धोनी ने कहा कि टीम का चयन काफी हद तक रणनीतिक जरूरतों पर निर्भर करता है, ऐसे में वह इसे लेकर विस्तार में बात नहीं कर सकते लेकिन जहां तक संतुलन की बात है तो वह अपनी टीम से खुश हैं।

धोनी ने कहा, " मैं इस विषय को बहुत विस्तार नहीं दूंगा क्योंकि इसमें रणनीति का मुद्दा भी शामिल है, लेकिन मेरा मानना है कि जो 15 खिलाड़ी हमारे पास हैं, उनमें से अगर किसी को कुछ होता है तो हमारे पास उनका स्थानापन्न मौजूद है। अगर मुझे एक सीमिंग आलराउंडर की जगह अगर एक स्पिनिंग आलराउंडर के साथ खेलना होगा तो हमारे पास वह भी है।"

कप्तान ने कहा कि चयनकर्ताओं और उनका मकसद यह था कि वे ऐसी टीम चुनें, जिसमें शामिल खिलाड़ी एक से अधिक हालात में खुद को फिट बैठा सकें। धौनी ने कहा, "हमारी टीम काफी संतुलित है और किसी भी परिस्थिति में हम टीम में उपयुक्त फेरबदल करने की स्थिति में होंगे।"

विश्व कप का आयोजन 15 मार्च से 3 अप्रैल तक भारत के विभिन्न शहरो में होगा। भारत का पहला मैच 15 मार्च को नागपुर में न्यूजीलैंड से होगा। इसके बाद भारत 19 मार्च को धर्मशाला में चिर प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान से भिड़ेगी।

विश्व कप से पहले भारत को एशिया कप में खेलना है। इस साल इस टूर्नामेंट का आयोजन टी-20 फारमेट में हो रहा है। इसका आयोजन बांग्लादेश में 24 फरवरी से होना है और भारतीय टीम इसके लिए 21 फरवरी को रवाना हो रही है।

भारत ने आस्ट्रेलिया में पांच मैचों की एकदिवसीय सीरीज 1-4 से गंवाने के बाद टी-20 सीरीज में 3-0 से जीत हासल की थी और फिर अपने घर में श्रीलंका को टी-20 सीरीज में 2-1 से हराया।

इस सीरीज में धौनी ने रविचंद्रन अश्विन से गेंदबाजी की शुरुआत कराई। अश्विन ने शानदार प्रदर्शन किया और तीसरे मैच में विशाखापट्टन में 8 रन देकर चार विकेट लिए। पूरी सीरीज में भारतीय गेंदबाजों ने अच्छा खेल दिखाया लेकिन आस्ट्रेलिया के साथ हुई एकदिवसीय सीरीज में 300 और उससे अधिक के लक्ष्य को बचा नहीं सके थे।

टी-20 फारमेंट में गेंदबाजों के अच्छे प्रदर्शन को लेकर धोनी ने कहा, "टी-20 में हमारी गेंदबाजी अच्छी रही है। गेंदबाज इस फारमट के लिहाज से काफी अनुभवी हैं। 50 ओवर में थोड़ा सबकुछ अलग हो जाता है। यहां हालात बदल जाते हैं। 50 ओवर फारमेट में दबाव बनाने की बात आती है और उसमें सफलता नहीं मिलने पर खुद पर ही दबाव बन जाता है। 50 ओवर फारमेट में डेथ ओवरों में हम लगातार अच्छी गेंदबाजी नहीं कर सके हैं लेकिन टी-20 में हमारी गेंदबाजी संतुलित है।"

एजेंसी


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लेखक के बारे में

Saurabh Sharma
An ardent cricket fan, Saurabh is covering cricket for last 12 years. He has started his professional journey with the Hindi publication, Navbharat Times (Times of India Group). Later on, he moved to TV (Sadhna News). In 2014, he joined Cricketnmore. Currently, he is serving as the editor of cricketnmore.com. His grasp on cricket statistics and ability to find an interesting angle in a news story make him a perfect fit for the online publishing business. He is also acting as a show producer for our ongoing video series - Cricket Tales, Cricket Flashback, & Cricket Trivia Read More
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