भारतीय टेस्ट कप्तान विराट कोहली और बीसीसीआई के बीच कप्तानी को लेकर विवाद अभी पूरी तरह से खत्म भी नहीं हुआ था कि इसी के बीच अब पाकिस्तान के पूर्व कप्तान शाहिद अफरीदी ने भी मसले पर अपनी राय रख दी है। उन्होंने कोहली का पक्ष लेते हुए कहा है कि बोर्ड को प्लेयर्स के साथ फ्यूचर प्लान के बारे में आमने-सामने बैठकर बातचीत करनी चाहिए थी। अगर आपको मीडिया के जरिेए ऐसी चीजे पता चलती है, तो फिर दिक्कते होती है।
पाकिस्तान के इस दिग्गज खिलाड़ी से जब विराट और बीसीसीआई के बीच चल रहे तनाव के बारे में सवाल किया गया तब उन्होंने इस पर अपना रिएकशन देते हुए कहा कि 'इस मामले को और बेहतर तरीके से हैंडल किया जा सकता था। मेरा हमेशा से ये मानना रहा है कि ऐसे मामलों में क्रिकेट बोर्ड का रोल काफी अहम होता है। बोर्ड का सेलेक्शन कमेटी का खिलाड़ी के लिए जो भी फ्यूचर प्लान है उसके साथ वो कम्यूनिकेट किया जाता है।"
इस पाकिस्तानी पूर्व ऑलराउंडर खिलाड़ी ने आगे कहा, "बोर्ड के खिलाड़ी के लिए जो भी प्लान है उसे साफ-साफ बताएं, कि ये हमारा प्लान है और ये टीम के लिए बेहतर होगा और आपकी इसको लेकर क्या राय है? अगर आपको मीडिया के जरिए ऐसी चीजें पता चलती है तो फिर दिक्कतें होंगी। खिलाड़ियों और बोर्ड के बीच काफी तालमेल होना चाहिए। अगर ऐसा होता है तो मसलो का हल निकल सकता है। अगर हमे मसलो को बड़ा करके दिखाना है या चीजों को बड़ा करके दिखाना है तो ऐसे में मसले नहीं सूलझते है इसलिए खिलाड़ियों और बोर्ड के बीच बातचीत होनी चाहिए।'
जानकारी के लिए बता दें कि टी20 वर्ल्ड कप के बाद से विराट कोहली ने भारतीय टीम की टी20 कप्तानी छोड़ दी थी, क्योंकि वो अपने वर्कलोड को मैनेज करके खेल में ज्यादा ध्यान देना चाहते थे। लेकिन टी20 कप्तानी छोड़ने के बाद बीसीसीआई ने विराट कोहली को वनडे की कप्तानी से हटा दिया और रोहित शर्मा को वॉइट बॉल क्रिकेट की जिम्मेदारी सौप दी। इसके बाद बीसीसीआई अध्यक्ष सौरव गांगुली ने कहा कि हमने विराट से टी20 कप्तानी छोड़ने पर दौबारा विचार करने का कहा था, लेकिन विराट ने बीसीसीआई अध्यक्ष सौरव गांगुली की इस बात को सिरे से नाकार दिया।