हनुमा विहारी एक ऐसा नाम जो साल 2018 से भारतीय टेस्ट क्रिकेट टीम का हिस्सा है लेकिन आज तक वो सिर्फ 15 टेस्ट ही खेल पाए हैं। लेकिन सच ये भी है कि उन्हें जब-जब मौका मिला है उन्होंने बड़ी पारी तो नहीं खेली लेकिन उनकी पारियों का इम्पैक्ट हमेशा दिखा है। हालांकि, ये भी सच है कि अगर भारतीय टीम में किसी खिलाड़ी को रेग्यूलर अपनी जगह बनानी है तो उसका काम 50-60 रन की पारियों से नहीं चलने वाला है।

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कुछ ऐसा ही भारत के पूर्व कप्तान मोहम्मद अजहरुद्दीन ने भी कहा है। उनका मानना है कि अब वक्त आ गया है कि विहारी को टेस्ट मैचों में बड़ी पारियां खेलनी होंगी तभी वो अपनी जगह को बचा पाएंगे। अभी तक विहारी 15 टेस्ट मैचों 35.13 की औसत से 808 रन ही बना पाए हैं। इस दौरान उनके बल्ले से सिर्फ एक शतक और पांच अर्धशतक निकले हैं।

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अजहर ने दुबई में पत्रकारों से बातचीत में के दौरान कहा, “अब वक्त आ गया है कि विहारी को मौके का फायदा उठाना होगा और शतक बनाना होगा। सिर्फ 50- 60 रन का स्कोर करने से अब बात नहीं बनेगी। वो एक बेहतरीन खिलाड़ी हैं। लेकिन ये भी एक सच है कि आप भारत के लिए लंबे समय तक तभी खेल सकते हैं जब आप लगातार बड़े रन बनाते हैं।“

भारतीय टीम को इंग्लैंड के खिलाफ एजबेस्टन में 1-5 जुलाई के बीच पिछले साल स्थगित हुआ टेस्ट मैच खेलना है और इस रिशेड्यूल हुए टेस्ट के लिए विहारी को टीम इंडिया की 17 सदस्यीय टेस्ट टीम में मौका दिया गया है। मज़ेदार बात ये है कि श्रीलंका के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज में भारतीय टीम से रहाणे और पुजारा को बाहर कर दिया गया था जिसके बाद उन्हें श्रीलंका के खिलाफ सीरीज में नंबर तीन पर बल्लेबाजी करने का मौका मिला था। हालांकि, अब इस एकमात्र टेस्ट के लिए पुजारा की टीम में वापसी हुई है ऐसे में सवाल ये उठता है कि क्या पुजारा को प्लेइंग इलेवन में जगह मिलेगी या विहारी पर भरोसा दिखाया जाएगा।

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Shubham Yadav
Shubham Yadav - A cricket Analyst and fan, Shubham has played cricket for the state team and He is covering cricket for the last 5 years and has worked with Various News Channels in the past. His analytical skills and stats are bang on and they reflect very well in match previews and article reviews Read More
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