कोलकाता, 1 जून | बंगाल क्रिकेट संघ (सीएबी) के पूर्व पिच क्यूरेटर प्रबीर मुखर्जी का मंगलवार रात साढ़े दस बजे के करीब निधन हो गया। वह 86 वर्ष के थे। मुखर्जी 25 सालों तक सीएबी से जुड़े रहे। वह बंगाल और पूर्व क्षेत्र की टीम के मैनेजर भी रह चुके थे। वह 1979 में सीएबी से जुड़े थे।

मुखर्जी पिछले कुछ सालों से लीवर की समस्या से जूझ रहे थे। उनके पार्थिव शरीर को ईडन गार्डन्स स्टेडियम में स्थिति सीएबी के कार्यालय में नहीं लाया जाएगा। उन्होंने पिछले साल अक्टूबर में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ टी-20 मैच बारिश के कारण रद्द हो जाने के बाद उपजे विवाद के बीच अपना पद छोड़ दिया था।

बारिश के बाद मैदान को कम समय में खेलने के लिए तैयार करने में ग्राउंडमैन की नाकामी और ईडन के पुराने पड़ चुके जल निकासी व्यवस्था की विफलता के कारण मैच नहीं हो पाया था।

इसके लिए मुखर्जी को सैद्धांतिक रूप से दोषी ठहराया गया था। अपने न्यायनिष्ठ और साफ बोल देने के स्वभाव के लिए प्रसिद्ध मुखर्जी ने अपने ऊपर लगे इन आरोपों पर कड़ी आपत्ति जताई थी और कहा था कि मैदान मैच के लिए तैयार था, लेकिन अंपयारों ने मैच रद्द करने का फैसला लिया था।

भारतीय टीम के कप्तान महेन्द्र सिंह धौनी और तत्कालीन टीम निदेशक रवि शास्त्री ने कहा था कि बेहद उत्साही दर्शकों को मैच का आनंद न मिल पाना दुखद है। साथ ही उन्होंने इसे 'सामूहिक विफलता' मानने से इनकार कर दिया था। इससे विवाद और गहरा गया था।

इसके बाद भारतीय टीम के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली ने इस मामले में दखल दिया था और इसे सामूहिक विफलता करार दिया था न कि अकेले ग्राउंडमैन की विफलता।

अपनी ईमानदारी, पुराने परंपरागत क्रिकेट मूल्यों की रक्षा और तीखे तेवरों के लिए प्रसिद्ध मुखर्जी का कार्यकाल विवादों से भरा रहा था। उन्होंने वेस्टइंडीज के खिलाफ हुए टेस्ट मैच में भारतीय बल्लेबाज रोहित शर्मा को पिच का निरीक्षण करने से यह कहते हुए मना कर दिया था कि सिर्फ कप्तान और कोच ही पिच को देख सकते हैं।

उन्होंने धौनी द्वारा इंग्लैंड के खिलाफ टेस्ट मैच में स्पिन गेंदबाजों के लिए मददगार पिच बनाने की बात से भी इनकार कर दिया था।

मुखर्जी ने 2012 में इस पर कहा था, "कप्तान के मुताबिक पिच तैयार करना अनैतिक और असंगत है। मैंने अपनी जिंदगी में यह कभी नहीं किया। मैं इससे छुटकारा पाना चाहता हूं।"

इसके बाद वह छुट्टी पर चले गए थे और वापस लौट कर उन्होंने घासयुक्त पिच तैयार की थी। भारत यह टेस्ट मैच सात विकेट से हार गया था। धौनी ने इसके बाद मुखर्जी को 'ईडन का बॉस' बताया था।

मुखर्जी ने सचिन तेंदुलकर, रिकी पोंटिंग को भी विकेट पर जाने से मना कर दिया था। पिछले साल अक्टूबर में बंगाल और बड़ौदा के बीच रणजी ट्रॉफी का मुकाबला अच्छे मौसम के बाद भी न हो पाने के कारण सीएबी ने उन्हें मीडिया से बात करने से मना कर दिया था। इन वजहों से उनका करियर विवादों के साथ समाप्त हुआ। सीएबी ने उनकी जगह सुजान मुखर्जी को क्यूरेटर नियुक्त किया।

Advertisement

aGENCY

Advertisement

लेखक के बारे में

Saurabh Sharma
An ardent cricket fan, Saurabh is covering cricket for last 12 years. He has started his professional journey with the Hindi publication, Navbharat Times (Times of India Group). Later on, he moved to TV (Sadhna News). In 2014, he joined Cricketnmore. Currently, he is serving as the editor of cricketnmore.com. His grasp on cricket statistics and ability to find an interesting angle in a news story make him a perfect fit for the online publishing business. He is also acting as a show producer for our ongoing video series - Cricket Tales, Cricket Flashback, & Cricket Trivia Read More
ताजा क्रिकेट समाचार